सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

हमारा ब्रह्मांड ,सौरमंडल,उससे संबंधित शब्दावली और तथ्य(Our Universe, So System, Terminology and Facts related to it)

 📒 ब्रह्मांड (universe) क्या है?

(The universe)


छोटी से छोटी और बडी सेे बडी वस्तु इस संसार में जहां पर अवस्थित है,उसे ब्रह्मांड कहा जाता हैैं। पदार्थ और ऊर्जा के लघु और विशाल समूहों केे अतिरिक्तत समस्त ब्रह्मांड लगभग खाली है। ब्रह्मांड का न तो कोई केंंद्र है और न ही कोई आरंभिक किनारा,क्योंकि आइंस्टाइन के सापेक्षता के विशिष्ट सिद्धांत(Specific theory of relativity)के अनुसार समस्त स्थान एवम् समय गुरुत्व के कारण एक अंतहीन वक्र (endless curve)के रूप में स्थित है।

✍️ आकार  --  बिग बैंग थ्योरी के अनुसार ब्रह्मांड का आकार फैलता जा रहा है।

✍️  ब्रह्मांड की उत्पत्ति के विषय में बहुत सारे विद्वानों के अलग - अलग सिद्धांत है,लेकिन इन सभी में बिग - बैंग थ्योरी (महाविस्फोट सिद्धांत) ,वर्तमान में ब्रह्मांड की सबसे सही व्याख्या करता है। 

✍️ ब्रह्मांड का अध्ययन को कास्मोलाजी कहते है।

📒बिग - बैंग थ्योरी (महाविस्फोट सिद्धांत) क्या हैं?

✍️ इस सिद्धांत के अनुसार प्रारंभ में सभी द्रव्य ,जिससे ब्रह्मांड बनाता है।अति सूक्ष्म आकार का एक पिण्ड था,जिसका आयतन बहुत कम और घनत्व व ताप बहुत अधिक था,इस कारण इस पिण्ड में विस्फोट हुआ और ब्रह्मांड की उत्पत्ति हुई। इस पिण्ड का नाम विलक्षणता या क्वार्क था। इस पिण्ड के समय परमाणु का अस्तित्व भी नही था।इस पिण्ड के संलयन (fusion)के परिणामस्वरूप हाइड्रोजन परमाणु का निमार्ण हुआ इसके बाद हाइड्रोजन परमाणु के संलयन से हिलियम गैस बनी।
✍️ हाइड्रोजन और हिलियम की संलयन प्रकिया के परिणामस्वरूप मुक्त होने वाली ऊर्जा सूर्य और अन्य तारों के ऊर्जा का स्त्रोत है।
✍️ इस सिद्धांत का प्रतिपादन बेल्जियम के खागोलज्ञ जार्ज लेमनतेयर ने किया था।
✍️ महाविस्फोट की घटना वर्तमान सेे 13.7 अरब वर्ष पहले घटित हुई थी।
✍️ आज से 4.5 अरब वर्ष पहले हमारे सौर मण्डल
 निर्माण हुआ। हमारी पृथ्वी का निर्माण भी सौर मंडल के साथ ही हुआ ।
✍️ ब्रह्मांड का व्यास 10^8 प्रकाश वर्ष है।
✍️ ब्रह्मांड में अरबों गैलेक्सी है।

📒 आकाशगंगा (galaxy) क्या है?     
तारों का विशाल समूह गैलेक्सी कहलाता है। ब्रह्मांड मेंंअरबों गैलेक्सी और इन गैलेक्सी में अरबों तारे (stars) हैं।
✍️ हमारी (जिसमे हमारा सौर मण्डल हैं।)आकाशगंगा का नाम मंदाकिनी अथवा दुग्ध मेखला(milki way) हैं।       
✍️ हमारी मंदाकिनी का आकार सर्पीला (spiral)हैं।  
✍️ हमारी अकाशगंगा की सबसे नजदीक आकाशगंगा का नाम देवयानी (andromeda) है                                                                                                                               
📒 तारो(stars) का निर्माण कैसे हुआ?
हमारी आकाशगंगा में स्थित हाइड्रोजन और हिलियम गैस छोटे - छोटे बदलो में विभक्त हो जाते हैं।अपने गुरुत्व बल के कारण ये गैस के छोटे बादल सिकुड़ने लगते है। जिससे गैस के परमाणु आपस में टकराते और गैस का तापमान बढ़ने लगता है। धीरे - धीरे गैस का तापमान इतना अधिक हो जाता है, कि नाभिकी संलयन की अभिक्रिया प्रारंभ हो जाती है। इससे हाइड्रोजन के परमाणु हिलियम में परिवर्तित होते है।इन अभिक्रिया के उत्सर्जन से मुक्त होने वाली ऊर्जा के दबाव से इन बदलो का सिकुड़ना रुक जाता है और ये गैसीय बादल जब दीर्घकालीन स्थायित्व प्राप्त कर लेते हैं,तो ये तारे बन जाते है। इन तारों में हाइड्रोज जलकर हिलियम में बदलती रहती है।
📌  तारो का एक जीवन चक्र होता हैं। इनका जन्म गैस के बदलो अर्थात निहारिकाओ से होता है। इन बदलो मुख्यत: हाइड्रोजन गैस होती हैं। आकाशगंगा में हमेशा तारों का जन्म होता रहता है। हमारे सूर्य का जन्म 5 अरब वर्ष पहले हुआ था।  
 
📒 ब्लैक होल(black hole) की घटना क्या है?      
 तारों का आकार समय बढ़ने के साथ छोटा होता जाएगा । कुछ समय बाद इनकी चमक खत्म होती जाएगी और अंतत: मृत होकर ब्लैक होल में तब्दील हो जायेगे।ब्लैक होल का गुरुत्व बल इतना अधिक होता है। कि इनमें गिराने वाला कोई भी पदार्थ कभी बाहर नहीं आ सकता । यहां तक कि प्रकाश की किरणें भी इससे बाहर नहीं जा सकती है। अत: हम ब्लैक होल को कभी प्रत्यक्ष नही देख सकते। पड़ोसी तारों पर इनके गुरुत्वाकर्षण के प्रभाव से इसकी पहचान की जा सकती है। 

📒 राशियां क्या होती है?(What are the zodiac signs?)                                                         
सूर्य की परिक्रमा करते समय पृथ्वी 12 नक्षत्र समूहों से होकर गुजरती है।जिन्हे राशियां कहते है।
मेष ( Aries ) , वृष ( Taurus ) , मिथुन ( Gemini ) , कर्क ( Cancer ) , सिंह ( Leo ) , कन्या ( Virgo ) , तुला ( Libra ) , वृश्चिक ( Scorpio ) , धनु ( Sagittarius ) , मकर ( Capricorn ) , कुंभ ( Aquarius ) और मीन ( Pisces ) ।
📒 तारामंडल(Planetarium) किसे कहते है? 
विभिन्न तारों का ऐसा समूह, जिनकी एक विशेष आकृति होती है। जैसे - सप्तऋषि तारामंडल की आकृति भालू(bear) जैसी है। 
✍️ अभी तक 88 तारामंडलों की खोज की जा चुकी है।

📒 हमारा सौरमंडल(our solar system) क्या होता है?
सूर्य के चारों ओर चक्कर लगाने वाले विभिन्न प्रकार के ग्रहों,क्षुद्रग्रहों, धूमकेतुओ,उल्काओ और अन्य आकाशीय पिंड के समूह को सौर मंडल कहते है।
✍️ सौर मंडल का 99.999 द्रव्य सूर्य में निहित है।

📒 ग्रह(Planet) क्या होते हैं?
सूर्य से अलग हुआ,सूर्य का ऐसा भाग,जो एक नियत पथ पर सूर्य की परिक्रमा करता है। जिस पर पर्याप्त में गुरुत्वाकर्षण बल है,जिससे वह लगभग गोल आकृति धारण कर लेती है,ग्रह कहलाते हैं।
✍️ 2006 से पहले सौर मंडल में 9 ग्रह थे,लेकिन 2006 से केवल 8ग्रहों को ग्रह की मान्यता है 
✍️ प्लूटो (यम) को ग्रहों की श्रेणी से निकलकर बौने ग्रह का दर्जा दे दिया गया क्योंकि यह सूर्य की परिक्रमा करते हुए वरुण की कक्षा में चला जाता है। जबकी प्रत्येक ग्रह अपने नियत कक्षा में परिक्रमा करते है।
✍️ आंतरिक ग्रह(Inner planet) -बुध,शुक्र, पृथ्वी तथा मंगल ग्रह आते हैं।
✍️ बाह्य ग्रह(outer planet) - बृहस्पति,शनि,अरुण व वरुण ग्रह आते हैं।
✍️ आकर के अनुसार ग्रह का क्रम -  1.बृहस्पति ,2.शनि,3.अरुण, 4.वरुण,5.पृथ्वी,6.शुक्र,7.मंगल और 8.बुध। इसमें सबसे बड़ा आकार बृहस्पति और सबसे छोटा बुध हैं।
✍️ सूर्य से दूरी के क्रम में - 1.बुध,2.शुक्र,3.पृथ्वी,4.मंगल, 4.बृहस्पति,5.शनि,6.अरुण और 7.वरुण।इसमें सूर्य के सबसे नजदीक बुध और सूर्य के सबसे दूर वरुण हैं।
✍️ सभी ग्रह सूर्य की परिक्रमा पश्चिम से पूर्व(Anticlockwise) करते हैं।लेकिन दो ग्रह शुक्र व अरुण पूर्व से पश्चिम (clockwise) दिशा में परिक्रमा करते है।

📒 क्षुद्रग्रह(Asteroid) क्या होते है? 
ग्रहों का ऐसा छोटा भाग ,जो मंगल एवम् बृहस्पति ग्रह की कक्षाओं के बीच में रहकर सूर्य की परिक्रमा करता है,उसे क्षुद्रग्रह कहते है।

✍️ फोर बेस्टा एक मात्र क्षुद्रग्रह है। जिसे मानव देख सकता है।

📒 धूमकेतु(comet) क्या हैं?
आकाशीय घुल और गैसो से निर्मित ऐसा पिंड जो अनियमित पथ पर सूर्य की परिक्रमा करता हैं। धूमकेतु या पुच्छल तारा कहते हैं। 
✍️ हैलो नामक धूमकेतु का परिक्रमण काल 76 वर्ष है ।अंतिम बार 1986 में दिखाई दिया था और अब 2062 में दिखाई देगा।

📒 उल्का(Meteor) क्या होता हैं? 
ब्रह्मांड में उपस्थित धूल और गैस से निर्मित कुछ लघु पिंड,जब पृथ्वी के गुरुत्वाकर्षण के कारण पृथ्वी की ओर आते हैं,तो पृथ्वी के वायुमंडली घर्षण के कारण चमकने लगते है और जलकर नष्ट हो जाते है। इन्हे उल्का कहा जाता है। इनमें जो कुछ पिंड जो पूर्णत: नष्ट नही हो पाते, चट्टानों के रूप में पृथ्वी पर गिरते हैं। इससे पृथ्वी पर गड्ढे का निर्माण हो जाते हैं,जो बाद में झील बन जाती है। जैसे - ✍️ महाराष्ट्र की लोनार झील का निर्माण पृथ्वी पर उल्का के गिराने के कारण हुआ है।


हमारे सौरमंडल में स्थित सूर्य और ग्रहों से संबंधित प्रमुख जानकारियां। 

📒सूर्य(sun) क्या है? 
सूर्य,ब्रह्मांड के दुग्धमेखला आकाशगंगा के केंद्र से दूर एक किनारे पर स्थित है।
✍️ सूर्य आग का एक गैसीय गोला हैं,जिसमे हाइड्रोजन 70%,हिलियम 26.5% अन्य तत्व 2.5% होता है।
✍️ सूर्य का केंद्रीय भाग क्रोड (core) होता है।जिसका तापमान 1.5×10^7°C होता हैं तथा सूर्य के बाहरी सतह का तापमान 6000°C है।
✍️ सूर्य के केंदीय भाग को  फोटोस्फीयर(photosphere) कहलाता हैं।
✍️ सूर्य का बाहरी भाग को क्रोमोस्फीयर(chromosphere) कहलाता हैं।
✍️ सूर्य की ऊर्जा का स्त्रोत नाभिकिय संलयन प्रकिया है,जिसमे जिसमे चार हाइड्रोजन मिलकर एक हिलियम का निर्माण करते है।
✍️ सूर्य की आयु 5 बिलियन वर्ष हैं।
✍️ सूर्य द्वारा भविष्य में ऊर्जा देने का समय काल 10^11 वर्ष हैं।
✍️ सूर्य के प्रकाश को पृथ्वी तक पहुंचने में 8 मिनट 16.6 सेकण्ड का समय लगता है।

1. बुध(Mercury): --------- 
✍️ यह सूर्य से सबसे निकटवर्ती ग्रह है , जो सूर्य के चारों ओर एक चक्कर 88 दिन में पूरा करता है ।
✍️ यह सौरमंडल का सबसे तीव्र गति से घूमने वाला ग्रह है । यह सूर्य की परिक्रमा सबसे कम समय में पूरी करता है 
✍️ यह सबसे छोटा ग्रह है , जिसके पास कोई उपग्रह नहीं है ।
✍️ इसका सबसे विशिष्ट गुण चुम्बकीय क्षेत्र का होना।
✍️ यहाँ दिन अति गर्म व रातें बर्फीली होती हैं ,इस कारण, इस ग्रह का तापांतर सबसे ज्यादा 600°c तक होता हैं।

 2. शुक्र (venus): ------ 
✍️ यह चमकीला ग्रह आकार में लगभग पृथ्वी जितना बड़ा है। इसलिए इसे पृथ्वी का भगिनी ग्रह कहते हैं 
✍️ इसका वातावरण घनी कार्बन डाईऑक्साइड से युक्त है। यह सूर्य का दूसरा निकटतम ग्रह है ।
✍️यह सूर्य का चक्कर 225 दिन में पूरा करता है ।
✍️ यह सबसे गर्म ग्रह है । 
✍️ इसे साँझ का तारा या भोर का तारा कहा जाता है , क्योंकि यह शाम में पश्चिम दिशा में तथा सुबह में पूरब की दिशा में आकाश में दिखाई पड़ता है ।
✍️ यह अन्य ग्रहों के  पूर्व से पश्चिम ( clockwise ) की ओर सूर्य की परिक्रमा करता है।
✍️ इसके पास कोई उपग्रह नहीं है ।

3. पृथ्वी (earth): --------
पृथ्वी हमारे सौरमंडल का एक मात्र ऐसा ग्रह है , जिस पर जीवन संभव हैं। हमारी पृथ्वी ध्रुवों पर चपटी तथा मध्य में बाहर की ओर उभरी हुई है। इसका आकार Geoid(ज्यॉइड) या लक्ष्वाकर होता है।
✍️ इसका विषुवतीय व्यास 12,756 किमी और ध्रुवी व्यास 12,714 किमी है।(जब आपसे पृथ्वी की त्रिज्या पूछी जाय ,तो व्यास का आधा कर देना।)
✍️ पृथ्वी का कुल सतही क्षेत्रफल 504 लाख वर्ग किमी,आयतन 6×10^21 टन तथा औसत घनत्व 5.52 घन सेंटीमीटर हैं।
✍️ पृथ्वी पर 71% जल है और 29% भाग स्थल है।जल के कारण पृथ्वी नीला दिखाई देती है।
✍️ पृथ्वी का आकार में पांचवां सबसे बड़ा ग्रह है।
✍️ पृथ्वी का अक्ष उसके कक्षा - तल पर बने लंब से 23°30' झुकी हुई है और पृथ्वी का अक्ष,पृथ्वी की कक्षा - तल से 66°30' का कोण बनाती है।
✍️ पृथ्वी के झुकाव के कारण ही ऋतु का निर्माण और दिन - रात का निर्माण होता है।
✍️ पृथ्वी की अनुमानित आयु 4.6 बिलियन वर्ष है।          
✍️ पृथ्वी का एकमात्र उपग्रह चंद्रमा (moon) हैं।

बृहस्पति (jupiter):------ 
✍️ यह आकार में सौरमंडल का सबसे बड़ा ग्रह है।
✍️ इसका सबसे बड़ा उपग्रह ग्यानीमीड है, जो ब्रह्माण्ड का सबसे बड़ा उपग्रह है।
                                                    
4. मंगल(Marsh): ------
✍️ यह आकार में पृथ्वी से काफी छोटा है ।
मंगल ग्रह का मौसम पृथ्वी के मौसम से बहुत कुछ मिलता है , जिस कारण इस पर जीवन की संभानवा व्यक्त की जा रही है ।
✍️ यह भी पृथ्वी के समान अपनी धुरी पर 24 घंटे में एक चक्कर लगाता है।
✍️ इसके वातावरण में कार्बन डाईऑक्साइड गैस की प्रधानता है ।
✍️ यह हल्का लाल रंग का दिखायी देता है । इसका कारण आयरन ऑक्साइड है।
✍️ मंगल ग्रह 687 दिन में सूर्य की परिक्रमा करता है ।
✍️ इसके दो उपग्रह - फोबोस(phabos) और डिमोस(Deimos)
✍️ मंगल पर सौरमंडल का सबसे बड़ा ज्वालामुखी ओलिप्स मेसी और सबसे ऊंचा पर्वत निक्स ओलंपिया हैं।

5. शनि(saturn) :-------- 
✍️ यह पीले रंग का ग्रह है।
✍️ यह आकार में बृहस्पति के बाद दूसरा सबसे बड़ा ग्रह  है ।
✍️ इसका घनत्व सभी ग्रहों और जल से भी कम है,अर्थात शनि ग्रह को जल में रखा जाए ,तो यह तैरने लगेगा।
✍️ इसका सबसे बड़ा उपग्रह टाइटन ,जो  सौरमण्डल में बृहस्पति के ग्यानीमीड के बाद दूसरा सबसे बड़ा उपग्रह है।
✍️ इसकी विशेषता है - इसके तल के चारों ओर वलय का होना मोटी प्रकाश वाली कुंडली ) ।

अरुण(uranus):------ 
✍️सौरमण्डल में इस ग्रह की खोज 1781 में  विलियम हार्सेल ने की थी 
✍️इसे लेता हुआ, ग्रह (180° झुकाव के कारण) भी कहते है।
✍️इसके उपग्रह की संख्या लगभग 21 हैं।इसका सबसे बड़ा उपग्रह टाइटेनीया हैं।
✍️शुक्र की तरह अरुण भी सूर्य की परिक्रमा पूर्व से पश्चिम(clockwise) की ओर करता हैं।
✍️इसे हरा ग्रह भी कहते हैं। और शनि के तरह इस ग्रह के चारों ओर भी वलय पाए जाते हैं।

वरुण(नेपच्यूर):------ 
✍️यह सौरमंडल में सबसे दूर स्थित ग्रह है। इस कारण इसे ठंडा ग्रह भी कहते है।
✍️इसकी खोज 1846 में जोहान गले ने की थी।










टिप्पणियाँ

Popular posts

पृथ्वी की आंतरिक संरचना(Internal structure of the earth)

📒 पृथ्वी की आंतरिक संरचना(Internal structure of the earth)   प्रत्येक्ष रूप से प्राप्त  प्रमाणों के आधार पर वैज्ञानिक ने पृथ्वी के भूगर्भ में पायी जाने वाली परतों की मोटाई ,घनत्व , तापमान, दवाब, ज्वालामुखी कियाओं,भूकंपीय तरंगों के आचरण और उल्काओं के मिलें प्रमाणों के आधार पर पृथ्वी की आंतरिक संरचना पर प्रकाश डाला गया हैं। अध्ययन की दृष्टि से पृथ्वी की आंतरिक संरचना को मुख्यत:तीन प्रमुख भागो में बांटा जा सकता है। 1.भु-पटल(Crust) 2. अनुपटल (Mantal) 3. भू -क्रोड (Core) भु-पटल(Crust):-    यह पृथ्वी की सबसे बाहरी परत होती हैं। इसे सियाल(Sial) भी कहते हैं, क्योंकि यह सिलिका व ऐलुमिनियम से निर्मित हैं। इसमें अवसादी एवम् ग्रेनाइट चट्टानों की प्रधानता होती हैं। इसका विस्तार पृथ्वी सतह से 100 किलो मीटर  की गहराई  तक माना जाता हैं। अनुपटल (Mantle):-   यह क्रस्ट (भू - पटल)के नीचे पायी जाती हैं। इसका विस्तार 100 से 2900 कि.मी. की गहराई तक हैं। इसमें सिलिका व मैग्नीशियम पाये जाते हैं, इस कारण से सिमा (Sima) भी कहते हैं। इसमें बेसाल्ट शैलो की अधिकता होती हैं। इ...

विश्व की प्रमुख नदियां , झीलें और जलप्रपात(Major rivers, lakes and waterfalls of the world)

  📒 विश्व की नदियों से संबंधित महत्वपूर्ण तथ्य(Important facts related to the rivers of the world.)  (River)   नील नदी(Nile River): यह विश्व की सबसे लंबी नदी हैं।इसकी लंबाई 6690 कि.मी. हैं। यह विक्टोरिया झील से भूमध्य सागर तक फैली है। अमेजन नदी(Amazon river): यह विश्व की सबसे बड़ी नदी (क्षेत्रफल की दृष्टि से) हैं। इसकी लम्बाई 6240 कि.मी. हैं। यह एंडिज पर्वत से अटलांटिका महासागर तक फैली है। अमेजन वर्षा में सर्वाधिक जलप्रवाह वाली नदी हैं। अमेजन की सहायक नदी मेडिश हैं , जो विश्व की  सबसे लंबी सहायक नदी मानी जाती हैं। अन्य तथ्य(Other facts): ✍️ विश्व की सबसे गहरी नदी घाटी कोलोरेडो नदी (usa) का हैं। ✍️ विश्व की सबसे छोटी नदी डी नदी हैं , जो मात्र 34 मीटर हैं। ✍️ विश्व का सबसे विशाल नदी दलदल प्रीपेट नदी का हैं। ✍️ विश्व में सबसे लंबा नदी मुख ओब नदी का हैं। इसके नदी मुख की चौड़ाई 80 कि.मी. है। ✍️ विश्व की सबसे लंबी अंतः स्थलीय नदी वोल्गा नदी हैं। ✍️ विश्व का सबसे बड़ा नदी द्वीप मांजूली हैं ,जो की भारत के असम राज्य में ब्राम्हपुत्रा नदी द्वारा निर्मित हैं। ✍️ कांगो या ...

About

 यह ब्लॉग केवल sarkari exam की तैयारी के लिए है। sarkari exam winner पेज पर उपलब्ध सभी पोस्ट NCERT को आधार बनाकर पोस्ट की गई है। और पोस्ट में त्रुटि न हो इसका विशेष ध्यान रखा गया हैं। लेकिन ग्रीन चिंतक लोंजाइनस के अनुसार "कोई भी रचना अथवा कृति पूर्ण नहीं होती और उसमें सदैव सुधार की असीम संभावनाएं विद्यमान रहती है" अतः प्रस्तुत पेज भी इस वाक्य का अपवाद नहीं है। अतः सभी सुधी पाठकों से अनुरोध है कि यदि उनको इस पेज पर कोई त्रुटि मिलती हैं तो वे अपने बहुमूल्य कमेंट से हमे अवगत करा सकते हैं।। My YouTube channel link:-  https://www.youtube.com/channel/UCRyd58iVLxDvyIIoVuYt5wQ

अनुसंधान और उनके मुख्यालय।

● भारतीय वन अनुसंधान संस्थान → देहरादून ● भारतीय वन्य जीव अनुसंधान संस्थान → देहरादून ● केन्द्रीय पक्षी शोध संस्थान → इज्जतनगर ● राष्ट्रीय पर्यावरण शोध संस्थान → नागपुर ● राष्ट्रीय ऊँट अनुसंधान संस्थान → बीकानेर  ● राष्ट्रीय भू-भौतिकी अनुसंधान संस्थान → हैदराबाद ● राष्ट्रीय पर्यावरण अभियान्त्रिकी शोध संस्थान → नागपुर ● भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद → नई दिल्ली ● भारतीय मृदा विज्ञान संस्थान → प्रयागराज   ● केन्द्रीय मृदा एवं लवणता अनुसंधान संस्थान → करनाल   ● भारतीय बागवानी अनुसंधान संस्थान → बंगलौर ● भारतीय वन सर्वेक्षण केन्द्र → देहरादून ● प्राकृतिक इतिहास का राष्ट्रीय संग्रहालयनई → दिल्ली ● सलीम अली पक्षी विज्ञान तथा प्रकृतिक इतिहास → केन्द्र कोयम्बटूर ● भारतीय वनस्पति सर्वेक्षण → कोलकाता   ● भारतीय प्राणी सर्वेक्षण → कोलकाता   ● राष्ट्रीय वानिकी अनुसंधान संस्थान → झाँसी   ● केन्द्रीय मरूक्षेत्र अनुसंधान संस्थान → जोधपुर   ● भारतीय मौसम विज्ञान संस्थान → नई दिल्ली ● भारतीय मौसम वेधशाला → पूना  ● जीवाणु प्रौद्योगिकी संस्थान → चण्डीगढ़ ● राष्ट्रीय व...

वन डे एग्जाम के लिए भारतीय संविधान का संपूर्ण संक्षिप्त नोट्स(Complete Brief Notes of Indian Constitution for One Day Examination)

 📒 भारतीय संविधान के निर्माण का इतिहास(History of the making of the Indian Constitution) पूरे विश्व में एक समय ऐसा भी था , जब विश्व के प्रमुख देशों पर अंग्रेजों का अधिकार था। इसी में एक देश भारत भी था। अंग्रेजी सरकार , जो कि इंग्लैंड से ही भारत पर शासन को बनाए ,रखने के लिए समय समय पर एक्ट(कानून) बनाकर भारत भेजा करती थी। जिससे शासन व्यवस्था सुचारू रूप से चलती रहे । जो बाद में भारतीय संविधान के निर्माण में आधार का कार्य किया । अंग्रेजों के शासन काल के कुछ प्रमुख एक्ट , जो भारत के लिए भेजे गए थे। 1773 ई. का रेज्युलेटिंग एक्ट : भारत में इंग्लैंड सरकार ने ईस्ट इण्डिया कम्पनी को नियंत्रित करने के लिए यह एक्ट पारित किया गया था।  (ईस्ट इण्डिया कम्पनी :जो कि भारत से व्यापार करने आयी थी , लेकिन कालांतर में वह भारत पर शासन करनें लगी थी)  इस एक्ट के कुछ प्रमुख प्रावधान : ✍️इस एक्ट(अधिनियम) द्वारा बंगाल के कलकत्ता में 1774 ई. में एक उच्चतम न्यायालय की स्थापना की गई । इस न्यायालय के प्रथम मुख्य न्यायाधीश सर एलिहास एम्पे थे। ✍️ इस एक्ट(अधिनियम) द्वारा बंगाल के गवर्नर के अन्तर्ग...